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कोविड-19 के नए वेरिएंट को लेकर अलर्ट मोड में धामी सरकार

देहरादून देश में कोरोना-19 के नये वेरिएंट जेएन-1 को लेकर प्रदेश सरकार अलर्ट मोड़ पर है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि नए वेरिएंट को नियंत्रित करने के लिए हरसंभव प्रयास करें। मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य सचिव डॉक्टर आर राजेश …

By Hindi News 24x7 - News Editor
Last Updated: 23 दिस्, 2023

देहरादून

देश में कोरोना-19 के नये वेरिएंट जेएन-1 को लेकर प्रदेश सरकार अलर्ट मोड़ पर है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि नए वेरिएंट को नियंत्रित करने के लिए हरसंभव प्रयास करें।

मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य सचिव डॉक्टर आर राजेश कुमार से विभिन्न अस्पतालों में संसाधनों और आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए तैयारी के संबंध में जानकारी प्राप्त की। स्वास्थ्य सचिव डा. आर राजेश कुमार ने इस संबंध में माननीय मुख्यमंत्री को अवगत कराया है कि आपके निर्देशानुसार कोरोना के नए वेरिएंट को लेकर गाइडलाइन जारी कर दी गयी है और शवास और सांस के रोगियों की मानीटरिंग के निर्देष दिये गये हैं। प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों को मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को कहा है कि कोरोना से निपटने के लिए पूरी तरह से तैयारी करें।

स्वास्थ्य सचिव डॉक्टर आर राजेश कुमार द्वारा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी  को अवगत कराया गया कि वर्तमान में कोविड जांच के लिए प्रदेश में 50 से अधिक पैथोलॉजी लैब स्थापित है। इसमें 12 लैब सरकारी हैं। इसके अलावा पीएचसी और सीएचसी स्तर पर एंटी रैपिड टेस्ट की सुविधा है। इसके साथ ही कोविड और इंफ्लूएंजा से ग्रसित मरीजों के लिए प्रदेश के अस्पतालों में ऑक्सीजन और बेड की पर्याप्त व्यवस्था है। 5,893 ऑक्सीजन सपोर्टेड आइसोलेशन बेड, 1,204 आईसीयू बेड, वेंटीलेटर युक्त 894 आईसीयू बेड, 1,298 क्रियाशील वेंटीलेटर, 7,561 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर, 15,950 ऑक्सीजन सिलिंडर, 93 क्रियाशील पीएसए प्लांट, 807 क्रियाशील ऑक्सीजन स्टोरेज टैंक उपलब्ध हैं। इसके साथ ही कोविड-19 प्रबंधन में प्रशिक्षित 3,161 पैरामेडिकल स्टॉफ की टीम शामिल है। हर चुनौती से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह से तैयार है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि अब तक प्रदेश में कोरोना के नए वेरिएंट जेएन-1 को लेकर एक भी मरीज नहीं आया है। इसके बावजूद सरकार पूरी तरह से अलर्ट है। कोरोना से निपटने के लिए अस्पतालों में आक्सीजन बेड, आईसीयू और अन्य सुविधाएं जुटा ली गयी हैं। अस्पतालों को निर्देश दिये गये हैं कि वह सांस और हृदय रोगियों की मानीटरिंग की जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में नये वेरिएंट पर नजर रखी जा रही है और यदि कहीं कोई मरीज आता है तो उस स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त व्यवस्थाएं की गयी हैं।

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