Menu
#Mumbai

वित्तीय साईबर हेल्पलाइन नबंर 155260 को बदलकर अब 1930 कर दिया गया है

  वित्तीय साईबर हेल्पलाइन नबंर 155260 को बदलकर अब 1930 कर दिया गया है देहरादून। इस क्रम में भारत सरकार द्वारा पूर्व में वित्तीय साईबर शिकायतों हेतु 155260 हेल्पलाईन नबंर का संचालन किया जा रहा था । पूरे भारत में उत्तराखण्ड इस हेल्पलाईन नबंर से जुड़ने वाला तीसरा राज्य है …

By Hindi News 24x7 - News Editor
Last Updated: 19 फ़र, 2022
वित्तीय साईबर हेल्पलाइन नबंर 155260 को बदलकर अब 1930 कर दिया गया है

 

वित्तीय साईबर हेल्पलाइन नबंर 155260 को बदलकर अब 1930 कर दिया गया है

देहरादून।

इस क्रम में भारत सरकार द्वारा पूर्व में वित्तीय साईबर शिकायतों हेतु 155260 हेल्पलाईन नबंर का संचालन किया जा रहा था । पूरे भारत में उत्तराखण्ड इस हेल्पलाईन नबंर से जुड़ने वाला तीसरा राज्य है । उत्तराखण्ड राज्य द्वारा हेल्पलाईन नबंर का शुभारम्भ 17 जून 2021 को मुख्यमंत्री द्वारा किया गया  था, जिसमें अभी तक कुल 4827 शिकायतें दर्ज हुई है और वित्तीय साईबर हेल्पलाईन की मदद से आम-जनमानस के करीब 1.77 करोड़ रूपये की धनराशि को बचाया सका है ।  पूरे प्रदेश में जनता को साईबर हेल्पलाईन की मदद से वित्तीय धोखाधड़ी की सूचना देने/ धोखाधड़ी से हुए आर्थिक नुकसान को बचाने में बहुत सहायता मिली है ।
अब गृहमंत्रालय द्वारा 155260 को संशोधित करते हुए एक नवीन नंबर 1930 संचालित किया गया है जिस पर आम-जनमानस वित्तीय साईबर अपराधों की शिकायत कर सकेगें ।
प्रभारी स्पेशल टॉस्क फोर्स द्वारा जनता से अपील की गयी है कि सभी लोग बढ़ चढ़कर इस नवीन हेल्पलाईन नंबर 1930 का प्रचार-प्रसार करें,  जिससे समाज के हर वर्ग के व्यक्तियों को साईबर अपराध से लड़ने हेतु जागरूकता प्राप्त हो सके तथा अतिशीघ्र वित्तीय साईबर अपराधों की रिपोर्टिंग हो सके ।
प्रभारी एस0टी0एफ0 उत्तराखण्ड द्वारा जनता से अपील की है, कि वे ऑनलाइन सामान की खरीददारी करते हुये अधिकृत वैबसाइट से ही सामान खरीदे व किसी भी प्रकार के लोभ लुभावने अवसरो/ फर्जी साइट/ धनराशि दोगुना करने वाले अंजान अवसरो के प्रलोभन में न आयें । किसी भी ऑनलाइन ट्रेडिग साइट व लॉटरी एवं ईनाम जीतने के लालच में आकर धनराशि देने तथा अपनी व्यक्तिगत जानकारी व महत्वपूर्ण डाटा शेयर करने से बचना चाहिये । किसी भी प्रकार का ऑनलाईन ट्रेडिग लेने से पूर्व उक्त साइट की पूर्ण जानकारी व स्थानीय बैंक, सम्बन्धित कम्पनी आदि से भलीं भांति इसकी जांच पड़ताल अवश्य करा लें । कोई भी शक होने पर तत्काल निकटतम पुलिस स्टेशन या साइबर हेल्पलाईन 1930 या साइबर क्राईम पुलिस स्टेशन को सम्पर्क करें ।

Tagged:
Share This Article