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Global NCAP में Kia Carens ने किया निराश, सेफ्टी के मामले में मिले सिर्फ इतने रेटिंग

Kia Carens Global NCAP Rating: ग्लोबल NCAP टेस्टिंग के बारे में हम सभी जानते हैं. जब भी कोई नयी गाड़ी लॉन्च की जाती है तो उसे इस टेस्टिंग प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है. इस टेस्ट के दौरान गाड़ी को एक स्पीड से चलाकर उसका सामने और साइड से एक्सीडेंट करवाया …

By Hindi News 24x7 - News Editor
Last Updated: 24 जून, 2022
Global NCAP में Kia Carens ने किया निराश, सेफ्टी के मामले में मिले सिर्फ इतने रेटिंग

Kia Carens Global NCAP Rating: ग्लोबल NCAP टेस्टिंग के बारे में हम सभी जानते हैं. जब भी कोई नयी गाड़ी लॉन्च की जाती है तो उसे इस टेस्टिंग प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है. इस टेस्ट के दौरान गाड़ी को एक स्पीड से चलाकर उसका सामने और साइड से एक्सीडेंट करवाया जाता है. एक्सीडेंट के समय गाड़ी में एक पुतले को बिठाया जाता है और कार को क्रैश करने एक बाद पुतले की और गाड़ी की हालत को देखते हुए उस कार को रेटिंग दी जाती है. इस टेस्ट में सबसे ज्यादा 5 स्टार रेटिंग और सबसे कम 1 स्टार रेटिंग किसी भी गाड़ी को दी जाती है.

Kia Carens ने किया निराश

Kia ने अपनी 7 सीटर Carens को कुछ ही समय पहले भारत में लॉन्च किया था. ग्लोबल NCAP टेस्टिंग के दौरान Kia की Carens ने अपने सभी ग्राहकों को निराश कर दिया है. इस टेस्टिंग के दौरान कार ने केवल 3 स्टार सेफ्टी रेटिंग हासिल किये। कार के सेफ्टी रेटिंग्स पर नजर डालें तो इस कार ने एडल्ट ऑक्यूपेंट सेफ्टी में 9.30 पॉइंट्स और चाइल्ड ऑक्यूपेंट प्रोटेक्शन में 30.99 पॉइंट्स हासिल किया.

क्रैश टेस्ट रिर्पोर्ट्स में सामने आयी यह बातें

क्रैश टेस्ट के दौरान देखा गया कि एक्सीडेंट के समय Carens ने ड्राइवर के सिर और गर्दन की अच्छी तरह से सुरक्षा की. ड्राइवर की छाती को उतनी अच्छी सुरक्षा नहीं मिली जबकि, साथ बैठे यात्री के छाती को अच्छी सुरक्षा मिली. इस टेस्ट के दौरान यह भी देखा गया कि एक्सीडेंट के दौरान ड्राइवर और यात्री दोनों के ही घुटने को मामूली सी सुरक्षा मिली. बच्चों के सुरक्षा नजरिये से देखें तो इस कार के क्रैश टेस्ट के दौरान पाया गया कि 3 साल के बच्चे को एक्सीडेंट के दौरान बच्चे के सर को बचाने में सक्षम नहीं थी.

लेकिन, क्रैश के दौरान बच्चे की छाती को उचित सुरक्षा प्रदान की गयी थी. इस क्रैश टेस्ट के दौरान यह भी देखा गया कि अगर बच्चे की उम्र 1.5 साल की है तो उसके सिर और छाती को होने वाले नुकसान से बचाया जा सकता है. इस टेस्ट के दौरान इस्तेमाल किये गए कार में फ्रंट सीटबेल्ट प्री-टेंशनर, डुअल फ्रंट एयरबैग, साइड बॉडी एयरबैग, साइड हेड एयरबैग, सीट बेल्ट रिमाइंडर, IsoFix और ABS जैसी सभी चीजें इस कार में मौजूद थी.

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