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प्लेटलेट्स क्यों घटता है , नार्मल प्लेटलेट्स कितनी होनी चाहिए इसकी कमी से होने वाले रोग

जानिए प्लेटलेट्स क्यों घटता है : आज हम चर्चा करेंगे की नार्मल प्लेटलेट्स कितनी होनी चाहिए और प्लेटलेट्स की कमी से होने वाले रोग कौन से होते हैं। सतह ही जानेंगे प्लेटलेट्स क्यों घटता है और प्लेटलेट्स क्यों बढ़ता है तो चलिए शुरू करते हैं। नार्मल प्लेटलेट्स कितनी होनी चाहिए …

By Hindi News 24x7 - News Editor
Last Updated: 03 सित, 2024
प्लेटलेट्स क्यों घटता है , नार्मल प्लेटलेट्स कितनी होनी चाहिए इसकी कमी से होने वाले रोग

जानिए प्लेटलेट्स क्यों घटता है : आज हम चर्चा करेंगे की नार्मल प्लेटलेट्स कितनी होनी चाहिए और प्लेटलेट्स की कमी से होने वाले रोग कौन से होते हैं। सतह ही जानेंगे प्लेटलेट्स क्यों घटता है और प्लेटलेट्स क्यों बढ़ता है तो चलिए शुरू करते हैं।

नार्मल प्लेटलेट्स कितनी होनी चाहिए

एक स्वस्थ वयस्क के लिए प्लेटलेट्स की सामान्य सीमा 150,000 से 450,000 प्रति माइक्रोलीटर (μL) के बीच होती है। यदि आपके प्लेटलेट्स की संख्या इस सीमा के बाहर है, तो यह कुछ स्वास्थ्य समस्याओं का संकेत हो सकता है। किसी भी असामान्य परिणाम के मामले में, आपके डॉक्टर से परामर्श करना सबसे अच्छा होता है। प्लेटलेट्स की कमी से होने वाले रोग है  प्लेटलेट्स, जिन्हें थ्रोम्बोसाइट्स भी कहा जाता है, आपके खून में पाए जाने वाले छोटे, डिस्क-आकृति के सेल्स होते हैं। इनका मुख्य कार्य खून के जमने (कोगुलेशन) में मदद करना और घावों को ठीक करना होता है।

  • वयस्कों के लिए: 150,000 से 450,000 प्लेटलेट्स प्रति माइक्रोलीटर (μL) खून में।
  • खून की कमी (एनीमिया)
  • कुछ इंफेक्शन्स
  • ऑटोइम्यून डिसीज़ (जैसे कि ल्यूपस)
  • बिनाइन या मैलिग्नेंट बीमारियाँ
  • दवाओं के दुष्प्रभाव
  • इंफेक्शन्स
  • सूजन संबंधी बीमारियाँ
  • कुछ प्रकार के कैंसर
  • लोहे की कमी

अगर आपके प्लेटलेट्स की संख्या सामान्य सीमा से बाहर है, तो यह कुछ स्वास्थ्य समस्याओं का संकेत हो सकता है। सही निदान और उपचार के लिए आपके डॉक्टर से परामर्श करना महत्वपूर्ण है।

प्लेटलेट्स क्यों घटता है

प्लेटलेट्स (थ्रोम्बोसाइट्स) की कमी कई कारणों से हो सकती है। यहाँ कुछ सामान्य कारण हैं जिनकी वजह से प्लेटलेट्स घट सकते हैं:

इम्यून थ्रोम्बोसाइटोपेनिया (ITP): इसमें शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली गलती से प्लेटलेट्स को नष्ट कर देती है।

  • हैपेटाइटिस, HIV, या अन्य वायरल संक्रमण प्लेटलेट्स की संख्या को प्रभावित कर सकते हैं।
  • लीकिमिया, मायलोमा, या अन्य बोन मैरो विकार प्लेटलेट्स के उत्पादन को प्रभावित कर सकते हैं।
  • हीपरिन: एक रक्त पतला करने वाली दवा, कभी-कभी प्लेटलेट्स की संख्या घटा सकती है।
  • बड़ी चोटों या रक्तस्राव के दौरान प्लेटलेट्स का अत्यधिक उपयोग हो सकता है, जिससे उनकी संख्या घट सकती है।
  • स्प्लीनोमेगाली: जब प्लीहा बढ़ जाती है, तो वह प्लेटलेट्स को अधिक मात्रा में जमा कर सकती है, जिससे खून में प्लेटलेट्स की कमी हो जाती है।
  • विटामिन बी12 या फोलिक एसिड की कमी भी प्लेटलेट्स की कमी का कारण हो सकती है।
  • लिवर सिरोसिस या अन्य लिवर बीमारियाँ प्लेटलेट्स के उत्पादन और विघटन को प्रभावित कर सकती हैं।
  • कैंसर और कीमोथेरेपी भी प्लेटलेट्स की संख्या को घटा सकते हैं।

यदि आपको प्लेटलेट्स की कमी का संदेह है या आपके परिणाम सामान्य सीमा से बाहर हैं, तो सही निदान और उपचार के लिए चिकित्सक से परामर्श करना महत्वपूर्ण है। वे आपके लक्षणों और परीक्षण परिणामों के आधार पर उचित सलाह और उपचार प्रदान करेंगे।

प्लेटलेट्स क्यों बढ़ता है

प्लेटलेट्स की बढ़ती संख्या (थ्रोम्बोसाइटोसिस) भी विभिन्न कारणों से हो सकती है। यहाँ कुछ सामान्य कारण हैं जिनकी वजह से प्लेटलेट्स बढ़ सकते हैं:

  1. प्राइमरी थ्रोम्बोसाइटोसिस (एसेन्सियल थ्रोम्बोसाइटेमिया):
    • यह एक हेमटोलॉजिकल विकार है जिसमें बोन मैरो अत्यधिक प्लेटलेट्स का उत्पादन करता है। यह अक्सर बोन मैरो में उत्परिवर्तन के कारण होता है।
  2. सेकंडरी थ्रोम्बोसाइटोसिस (अनुवांशिक थ्रोम्बोसाइटोसिस):
    • संक्रमण: जैसे कि बैक्टीरियल या वायरल संक्रमण प्लेटलेट्स की संख्या को बढ़ा सकते हैं।
    • सूजन संबंधी विकार: जैसे कि रुमेटाइड आर्थराइटिस या क्रोहन की बीमारी सूजन के कारण प्लेटलेट्स की संख्या बढ़ सकती है।
    • आयरन की कमी: आयरन की कमी वाले एनीमिया के मामलों में प्लेटलेट्स की संख्या बढ़ सकती है।
    • गंभीर चोट या रक्तस्राव: इससे शरीर को प्लेटलेट्स की अधिक आवश्यकता हो सकती है, जिससे उनकी संख्या बढ़ सकती है।
    • कैंसर: कुछ प्रकार के कैंसर, विशेषकर लिम्फोमा और लंग कैंसर, प्लेटलेट्स की संख्या को प्रभावित कर सकते हैं।
    • लिवर रोग: जैसे कि लिवर की कुछ बीमारियाँ प्लेटलेट्स की संख्या बढ़ा सकती हैं।
  3. प्लीहा (स्प्लीन) की समस्याएँ:
    • अगर प्लीहा ठीक से काम नहीं कर रही है या उसका आकार बढ़ गया है, तो प्लेटलेट्स को प्रभावी ढंग से नष्ट नहीं किया जा सकता, जिससे उनकी संख्या बढ़ सकती है।
  4. चोट या सर्जरी:
    • बड़े घाव या सर्जरी के बाद शरीर में प्लेटलेट्स की संख्या अस्थायी रूप से बढ़ सकती है क्योंकि शरीर घाव को ठीक करने की कोशिश करता है।
  5. अन्य चिकित्सा स्थितियाँ:
    • कुछ अन्य चिकित्सा स्थितियाँ और दवाएँ भी प्लेटलेट्स की संख्या को प्रभावित कर सकती हैं।

यदि आपके प्लेटलेट्स की संख्या सामान्य सीमा से बाहर है, तो यह महत्वपूर्ण है कि आप अपने डॉक्टर से परामर्श करें। सही निदान और उपचार के लिए आवश्यक परीक्षण और मूल्यांकन किया जाएगा।

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